दिल्ली महिला आयोग (डीसीडब्ल्यू) ने परिवहन विभाग को ‘SEX’ सीरीज वाले वाहनो की संख्या को लेकर नाराजगी का इझ्हार किया है। महिला आयोग ने नोटिस जारी कर ‘SEX’ सीरीज वाली वाहन पंजीकरण संख्या में बदलाव की मांग कर दी है। नोटिस देने के साथ ही डीसीडब्ल्यू ने विभाग से अपने जवाब में नई सीरीज के तहत पंजीकृत वाहनों की कुल संख्या बताने को भी कहा है।
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क्या है मामला?
इस विवादित मामले की मिली जानकारी के मुताबिक, दिल्ली में एक युवती को उसके पिता ने एक महीने पहले ही यह स्कूटी गिफ्ट की थी, लेकिन वह जब भी स्कूटी लेकर घर से निकलती थी तो लोग स्कूटी का नंबर देखकर उस पर भद्दे कमेंट करने लगते थे, जिसके कारण युवती ने परेशान होकर घर से निकलना बंद कर दिया था।उसके वाहन पंजीकरण संख्या सीरीज में ‘SEX’ अक्षर थे, जिसके कारण उसे तानों, शर्मिंदगी और प्रताड़ना का सामना करना पड़ रहा था। आखिर तंग आकर लड़की ने महिला आयोग को यह सूचित किया कि आवंटित सीरीज पंजीकरण संख्या के कारण उसे गंभीर उत्पीड़न का सामना करना पड़ रहा था, क्योंकि इस संख्या के कारण लोगों ने उसे ताने मारे और चिढ़ाया। लडकी ने कहा कि इस स्कुटी को लेकर उसे कहीं भी आने-जाने में भी दिक्कत हो रही है और जरूरी काम से भी उसका बाहर जाना दुभर हो चुका है।
वाहन पंजीकरण संख्या में तत्काल बदलाव की हुई मांग
आयोग ने इस मामले को गंभीरता से लेते हुए परिवहन विभाग को नोटिस जारी कर स्कूटी के वाहन पंजीकरण संख्या में तत्काल बदलाव की मांग की है। साथ ही आयोग ने परिवहन विभाग से इस सीरीज में पंजीकृत सभी वाहनों की कुल संख्या बताने को भी कहा है। महिला आयोग ने विभाग को मिली ऐसी सभी शिकायतों का ब्योरा भी मांगा है। अंतत: आयोग ने इस मामले में परिवहन विभाग से 4 दिन के भीतर मामले में की गई सारी कार्रवाई की विस्तृत रिपोर्ट भी मांगी है।
बहुत दुर्भाग्यपूर्ण बात कि लड़की को इतना उत्पीड़न झेलना पडा
डीसीडब्ल्यू प्रमुख स्वाति मालीवाल के हवाले से एक बयान में कहा गया है, “यह हमारे समाज के लिये बेहद ही दुर्भाग्यपूर्ण बात है कि लोग इतने क्रूर और अपमानजनक भी हो सकते हैं कि एक वाहन की संख्या के कारण लड़की को इतना उत्पीड़न झेलना पड़ रहा है। मैंने इस समस्या का समाधान करने के लिए परिवहन विभाग को चार दिन का वक़्त दिया है ताकि लड़की को अब और परेशानी न हो। स्वाति मालीवाल ने इस नोटिस में परिवहन विभाग से ‘SEX’ शब्द वाली इस आवंटित सीरीज में पंजीकृत वाहनों की कुल संख्या बताने के लिए भी कहा है।
पूरी सीरीज पर लगा दी गई रोक
शनिवार को इस मामले में परिवहन विभाग के एक वरिष्ठ अधिकारी ने कहा था कि यह विवादित मामला सामने आने के बाद फौरन ही पूरी सीरीज को रोक दिया गया है। जिस किसी भी व्यक्ति के पास इस सीरीज में रजिस्ट्रेशन नंबर है, वह इसे बदल सकते हैं।